Breaking News
मुख्यमंत्री धामी ने गोरखा दशैं-दीपावली महोत्सव एवं राजकीय मेले में किया प्रतिभाग।
मुख्यमंत्री धामी ने गोरखा दशैं-दीपावली महोत्सव एवं राजकीय मेले में किया प्रतिभाग।
खिलाड़ियों की मेहनत और प्रतिभा उत्तराखंड को खेलभूमि के रूप में दिलाएगी नई पहचान, रेखा आर्या।
खिलाड़ियों की मेहनत और प्रतिभा उत्तराखंड को खेलभूमि के रूप में दिलाएगी नई पहचान, रेखा आर्या।
त्योहारों से पहले खाद्य सुरक्षा विभाग की बड़ी कार्रवाई, 83 खाद्य पदार्थों की जांच में 15 मानकों पर नहीं उतरे खरे।
त्योहारों से पहले खाद्य सुरक्षा विभाग की बड़ी कार्रवाई, 83 खाद्य पदार्थों की जांच में 15 मानकों पर नहीं उतरे खरे।
वीर केसरी चन्द के 107वे जन्मदिवस पर श्रद्धा-सुमन किए अर्पित, मंत्री खजानदास।
वीर केसरी चन्द के 107वे जन्मदिवस पर श्रद्धा-सुमन किए अर्पित, मंत्री खजानदास।
कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी कौथिग 2026’ में हुए शामिल, लोकसंस्कृति के संरक्षण पर दिया जोर।
कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी कौथिग 2026’ में हुए शामिल, लोकसंस्कृति के संरक्षण पर दिया जोर।
क्षेत्र पंचायत निधि पुनः प्रारंभ करने तथा क्षेत्र पंचायत प्रतिनिधियों के मानदेय एवं भत्तों में वृद्धि के लिए की जाएगी कार्यवाही, मुख्यमंत्री।
क्षेत्र पंचायत निधि पुनः प्रारंभ करने तथा क्षेत्र पंचायत प्रतिनिधियों के मानदेय एवं भत्तों में वृद्धि के लिए की जाएगी कार्यवाही, मुख्यमंत्री।
मुख्यमंत्री ने खेल महाकुम्भ एवं मुख्यमंत्री चैम्पियनशिप ट्रॉफी के समापन समारोह में किया प्रतिभाग।
मुख्यमंत्री ने खेल महाकुम्भ एवं मुख्यमंत्री चैम्पियनशिप ट्रॉफी के समापन समारोह में किया प्रतिभाग।
मुख्यमंत्री ने प्रदान की विभिन्न विकास योजनाओं एवं, निर्माण कार्यों के लिए ₹ 805 करोड़ की वित्तीय स्वीकृति।
मुख्यमंत्री ने प्रदान की विभिन्न विकास योजनाओं एवं, निर्माण कार्यों के लिए ₹ 805 करोड़ की वित्तीय स्वीकृति।
राजपुर वार्ड में विकास योजनाओं का किया शिलान्यास, कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी।
राजपुर वार्ड में विकास योजनाओं का किया शिलान्यास, कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी।

मुख्यमंत्री धामी ने पंचमुखी बजरंग बली के सामने झुकाया सिर, किया बजरंग बली का उद्घोष।

मुख्यमंत्री धामी ने पंचमुखी बजरंग बली के सामने झुकाया सिर, किया बजरंग बली का उद्घोष।

देहरादून :- उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का पंचमुखी हनुमान मंदिर में दर्शन और “जय बजरंग बली” का उद्घोष केवल एक धार्मिक आस्था का सार्वजनिक प्रदर्शन नहीं था, बल्कि यह उस वैचारिक बहस में एक स्पष्ट हस्तक्षेप भी था, जो इन दिनों देश की राजनीति में सनातन बनाम सेकुलर बहस के मौसम में सरकार के मुखिया का इस अंदाज में हनुमान मंदिर जाना और पूजा करना खास अहमियत रखता है।

खास तौर पर कोटद्वार में बवाल के बाद सियासी नजरिए से उनका हनुमान मंदिर जाना बहुत महत्वपूर्ण समझा जा रहा है। राजनीतिक नजरिए से आज मुख्यमंत्री ने साफ संदेश दिया कि वह प्रशासनिक फैसलों में स्पष्टता के साथ ही अपनी वैचारिक और सनातनी सोच को भी खुलकर रखने से नहीं हिचकते। उन्होंने ये भी कहा कि “सनातन संस्कृति को किसी टैग की ज़रूरत नहीं।

गुजरे सालों में ‘सनातन’ को कभी बहुसंख्यकवाद के फ्रेम में, तो कभी सेक्युलर मूल्यों के खिलाफ खड़ा करते रहने की प्रवृत्ति के मौसम में आज पुष्कर धामी ने ये साबित करने की मजबूत निजी कोशिश की कि सनातन परंपरा किसी राजनीतिक ठप्पे की मोहताज नहीं है। वह सनातन के मुद्दे पर तटस्थ रहने के बजाए अपना पक्ष स्पष्ट रूप से रखने में नहीं हिचकते हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top