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भाजपा NGO प्रकोष्ठ द्वारा NGO’S समन्वय एवं विकास सम्मेलन का भव्य आयोजन।
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जन जन की सरकार-जन जन के द्वार’ कार्यक्रम के दूसरे चरण में 1.34 लाख लोगों की भागीदारी।
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दायित्वधारी सरकार और जनता के बीच महत्वपूर्ण सेतु, जनसमस्याओं के समाधान में निभाएं सक्रिय भूमिका, मुख्यमंत्री धामी।
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मुख्यमंत्री पुष्कर धामी से, स्वास्थ्य मंत्री सुबोध उनियाल एवं विधायक किशोर उपाध्याय ने की भेंट।
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अगले तीन सप्ताह सिर्फ SIR पर फोकस करें जिलाधिकारी, सीईओ।
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डीएवी (पीजी) कॉलेज में 100 फीट ऊंचे राष्ट्रीय ध्वज का, कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी और कैबिनेट मंत्री खजान दास ने किया लोकार्पण।
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केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह 7 मार्च को, हरिद्वार में विकास एवं न्याय संहिता प्रदर्शनी का अवलोकन कर, जनसभा को भी करेंगे संबोधित।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह 7 मार्च को, हरिद्वार में विकास एवं न्याय संहिता प्रदर्शनी का अवलोकन कर, जनसभा को भी करेंगे संबोधित।

देहरादून :- केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह आगामी 7 मार्च को हरिद्वार के बैरागी कैम्प में आयोजित विभिन्न प्रदर्शनों का अवलोकन करेंगे तथा जनसभा को संबोधित करेंगे। कार्यक्रम में उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी  राज्य सरकार के मंत्रीगण, सांसद, विधायक, जनप्रतिनिधि एवं वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहेंगे।

इस अवसर पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में बीते चार वर्षों के दौरान उत्तराखंड में किए गए विकास कार्यों, जनकल्याणकारी योजनाओं तथा लिए गए महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक निर्णयों पर आधारित विशेष प्रदर्शनी का अवलोकन करेंगे। इस प्रदर्शनी में राज्य सरकार द्वारा बुनियादी ढाँचे के विकास, सड़क एवं संपर्क मार्गों के सुदृढ़ीकरण, स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार, शिक्षा क्षेत्र में सुधार, निवेश प्रोत्साहन, पर्यटन विकास, धार्मिक एवं सांस्कृतिक धरोहरों के संरक्षण तथा सीमांत क्षेत्रों के विकास के लिए किए गए महत्वपूर्ण कार्यों को प्रदर्शित किया जाएगा।

प्रदर्शनी के माध्यम से राज्य में सुशासन, पारदर्शिता तथा नागरिक सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण की दिशा में किए गए प्रयासों को भी रेखांकित किया जाएगा। विभिन्न विभागों द्वारा तैयार किए गए दृश्य प्रदर्शनों, चित्रों, मॉडल तथा जानकारीपूर्ण पैनलों के माध्यम से बीते वर्षों में राज्य में हुए परिवर्तन और विकास की झलक प्रस्तुत की जाएगी, जिससे आमजन उत्तराखंड की विकास यात्रा को निकट से समझ सकेंगे।

इसी क्रम में 7 से 9 मार्च 2026 तक “न्याय संहिता” विषय पर राज्यस्तरीय प्रदर्शनी का आयोजन भी बैरागी कैम्प में किया जा रहा है। यह प्रदर्शनी भारत सरकार द्वारा लागू किए गए नए आपराधिक कानूनों भारतीय न्याय संहिता, भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता तथा भारतीय साक्ष्य अधिनियम के प्रभावी क्रियान्वयन एवं जनजागरूकता के उद्देश्य से आयोजित की जा रही है।

नई न्याय संहिताएँ देश की आपराधिक न्याय व्यवस्था में व्यापक एवं ऐतिहासिक परिवर्तन लेकर आई हैं। इनका उद्देश्य औपनिवेशिक प्रावधानों को समाप्त कर नागरिक केंद्रित, पारदर्शी, उत्तरदायी तथा तकनीक समर्थ न्याय प्रणाली स्थापित करना है। “दंड से न्याय” की अवधारणा के अंतर्गत पीड़ितों के अधिकारों की सुरक्षा, महिलाओं एवं बच्चों की गरिमा की रक्षा तथा वैज्ञानिक एवं समयबद्ध अन्वेषण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है।

प्रदर्शनी में नई न्याय संहिताओं की प्रमुख विशेषताओं को सरल और प्रभावी माध्यमों से प्रस्तुत किया जाएगा। इसमें समयबद्ध जांच एवं आरोप-पत्र की अनिवार्यता, शून्य प्राथमिकी तथा इलेक्ट्रॉनिक प्राथमिकी की व्यवस्था, सात वर्ष से अधिक दंडनीय अपराधों में अनिवार्य विधि-विज्ञान जांच, इलेक्ट्रॉनिक एवं डिजिटल साक्ष्यों की वैधता, महिलाओं एवं बच्चों के विरुद्ध अपराधों के लिए सशक्त प्रावधान, संगठित अपराध, साइबर अपराध एवं आतंकवाद से संबंधित स्पष्ट दंड प्रावधान, पीड़ित प्रतिकर योजना तथा संपत्ति की शीघ्र वापसी की व्यवस्था को प्रमुखता से प्रदर्शित किया जाएगा।

प्रदर्शनी के दौरान नाट्य प्रस्तुतियों, मॉडल प्रकरण अध्ययन, डिजिटल प्रदर्शन तथा जनसंवाद सत्रों के माध्यम से त्वरित न्याय, वैज्ञानिक जांच तथा नागरिक सुविधा की अवधारणा को सरल और प्रभावशाली रूप में प्रस्तुत किया जाएगा। यह आयोजन उत्तराखंड सरकार की विकास यात्रा, सुशासन के प्रति प्रतिबद्धता तथा राज्य को प्रगतिशील और समृद्ध बनाने के प्रयासों को प्रदर्शित करने का एक महत्वपूर्ण अवसर होगा।

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