Breaking News
उत्तराखंड संस्कृत शिक्षा बोर्ड का परीक्षा परिणाम घोषित, शिक्षा मंत्री डा. धन सिंह रावत ने वर्चुअल माध्यम से जारी किया परिणाम।
उत्तराखंड संस्कृत शिक्षा बोर्ड का परीक्षा परिणाम घोषित, शिक्षा मंत्री डा. धन सिंह रावत ने वर्चुअल माध्यम से जारी किया परिणाम।
उत्तराखंड में ‘जनगणना के प्रथम चरण 2027 का, राज्यपाल व मुख्यमंत्री ने ‘स्व-गणना’ से की शुरुआत।
उत्तराखंड में ‘जनगणना के प्रथम चरण 2027 का, राज्यपाल व मुख्यमंत्री ने ‘स्व-गणना’ से की शुरुआत।
चारधाम यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता, सुरक्षित व सुगम यात्रा के लिए सरकार प्रतिबद्ध, मदन कौशिक। 
चारधाम यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता, सुरक्षित व सुगम यात्रा के लिए सरकार प्रतिबद्ध, मदन कौशिक। 
मुख्यमंत्री धामी ने की जनगणना 2027 के लिए स्व-गणना, जनता से की अपील स्वयं करें स्व-गणना, बनें भागीदार।
मुख्यमंत्री धामी ने की जनगणना 2027 के लिए स्व-गणना, जनता से की अपील स्वयं करें स्व-गणना, बनें भागीदार।
मुख्यमंत्री धामी ने नैनीताल एवं ऊधमसिंहनगर की, विभिन्न विधानसभाओं से संबंधित, मुख्यमंत्री घोषणाओं की समीक्षा की।
मुख्यमंत्री धामी ने नैनीताल एवं ऊधमसिंहनगर की, विभिन्न विधानसभाओं से संबंधित, मुख्यमंत्री घोषणाओं की समीक्षा की।
वार्षिकोत्सव में शामिल हुईं कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या, छात्र-छात्राओं को किया प्रेरित।
वार्षिकोत्सव में शामिल हुईं कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या, छात्र-छात्राओं को किया प्रेरित।
चारधाम यात्रा से पूर्व देहरादून में मेगा मॉक ड्रिल, आपदा प्रबंधन की तैयारियों का लिया गया व्यापक जायजा।
चारधाम यात्रा से पूर्व देहरादून में मेगा मॉक ड्रिल, आपदा प्रबंधन की तैयारियों का लिया गया व्यापक जायजा।
भूमि विवाद प्रकरण में डीएम सविन बसंल के, हस्तक्षेप से वर्षों से लटके भूमि सीमांकन पूर्ण।
भूमि विवाद प्रकरण में डीएम सविन बसंल के, हस्तक्षेप से वर्षों से लटके भूमि सीमांकन पूर्ण।
पूर्व सैनिक कल्याण के लिए घोषणाओं के आदेश जारी, सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने दिये अग्रिम कार्यवाही के निर्देश।
पूर्व सैनिक कल्याण के लिए घोषणाओं के आदेश जारी, सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने दिये अग्रिम कार्यवाही के निर्देश।

उत्तराखंड में ‘जनगणना के प्रथम चरण 2027 का, राज्यपाल व मुख्यमंत्री ने ‘स्व-गणना’ से की शुरुआत।

उत्तराखंड में ‘जनगणना के प्रथम चरण 2027 का, राज्यपाल व मुख्यमंत्री ने ‘स्व-गणना’ से की शुरुआत।

प्रदेश में मकानसूचीकरण एवं हाउसिंग जनगणना कार्य का आरंभ।

पहली बार नागरिकों को ऑनलाइन ‘स्व-गणना’ की सुविधा।

प्रदेश में 30,000 से अधिक प्रगणक एवं पर्यवेक्षक तैनात।

देहरादून :- शुक्रवार को उत्तराखंड में ‘जनगणना 2027’ के प्रथम चरण का औपचारिक शुभारंभ हो गया है। इस अवसर पर राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (रि) गुरमीत सिंह तथा मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी एवं कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक ने डिजिटल माध्यम से अपनी जानकारी दर्ज कर ‘स्व-गणना’ (Self-Enumeration) प्रक्रिया की शुरुआत की।

कार्यक्रम के तहत आज से प्रदेश में ‘मकानसूचीकरण एवं मकानों की गणना (Houselisting & Housing Census)’ का कार्य प्रारंभ हो गया है। डिजिटल इंडिया के अंतर्गत पहली बार नागरिकों को यह सुविधा प्रदान की गई है कि वे जनगणना अधिकारी के घर आने से पूर्व स्वयं अपनी जानकारी ऑनलाइन पोर्टल (se.census.gov.in) पर दर्ज कर सकते हैं।

यह स्व-गणना सुविधा 10 अप्रैल से 24 अप्रैल 2026 तक उपलब्ध रहेगी। इसके पश्चात 25 अप्रैल से 24 मई 2026 तक गणना कर्मी घर-घर जाकर डेटा संकलन करेंगे।

इस अवसर पर राज्यपाल ने कहा कि जनगणना केवल आंकड़ों का संकलन नहीं, बल्कि राज्य के विकास की आधारशिला है। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे स्व-गणना के माध्यम से इस महत्वपूर्ण अभियान में सक्रिय सहभागिता करें, जिससे डेटा की सटीकता और विश्वसनीयता सुनिश्चित हो सके।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जनगणना से प्राप्त सटीक आंकड़े राज्य सरकार को बेहतर नीतियां बनाने और अंतिम छोर तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने में सहायक होंगे। उन्होंने प्रदेशवासियों से आह्वान किया कि वे जनगणना शुभंकर ‘प्रगति’ और ‘विकास’ के साथ जुड़कर इस अभियान को सफल बनाएं।

कैबिनेट मंत्री, जनगणना, उत्तराखंड शासन ने भी प्रदेश की जनता से इस राष्ट्रीय महत्व के कार्य में बढ़-चढ़कर भागीदारी करने की अपील की।

महत्वपूर्ण जानकारी: प्रथम चरण में नागरिकों को मकानों की स्थिति, उपलब्ध सुविधाओं (जैसे बिजली, पानी, शौचालय आदि) तथा संपत्तियों से संबंधित 33 प्रश्नों के उत्तर देने होंगे। स्व-गणना करने वाले नागरिकों को एक विशेष SE ID प्राप्त होगी, जिसे गणना कर्मी के आगमन पर साझा करना अनिवार्य होगा। इस कार्य के लिए प्रदेश भर में लगभग 30,000 प्रगणक एवं पर्यवेक्षक तैनात किए गए हैं। उत्तराखंड शासन ने सभी नागरिकों से अनुरोध किया है कि वे जनगणना कार्य में लगे अधिकारियों का पूर्ण सहयोग करें तथा स्व-गणना सुविधा का अधिकतम उपयोग करते हुए राज्य के विकास में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें।

इस अवसर पर भारत सरकार, गृह मंत्रालय की जनगणना निदेशक इवा आशीष श्रीवास्तव, उत्तराखंड शासन से जनगणना सचिव दीपक कुमार, संयुक्त निदेशक एस. एस. नेगी, उप निदेशक प्रवीण कुमार, तान्या सेठ, आर. के. बनवारी तथा देवाशीष सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top